"हम सब जो भी भारत मे रह्ते हैं , कई धर्मो , प्रान्तो, जातियो मे बटे है। पता हैं यही सब बटवारे के कारण हम हर बार पीछे रह जाते हैं। पर एक सत्य ये भी इन सबके होते हुए भी हम सब भारतीय हैं। हम सब हिन्दुस्तानी है। हम हमारे देश मे ब्राह्मण,क्षत्रिय,वैश्य,शूद्र,हिन्दु,मुस्लिम,सिख,इसाई के रूप मे जाने जाते हैं, पर जब भी हम कभी बाहर किसी देश जाते हैं तो हम भारतीय ही कहे जातें हैं। भारतीय होना ही हमारे जीवन का सत्य हैं। हम कुछ नही हैं पर हम भारतीय हैं। हम हिन्दुस्तानी हैं। और यही हमे हमारी आने वाली पीडियो को सिखाना हैं। जितनी जल्दी हम हमारे समाज हमारे देश से यह छुआ-छूत,जात-पात का नाम का जहर खत्म कर पायेंगे ना उतनी जल्दी ही हम हमारी आने वाली पीडियो को वो भारत वो देश दे पायेंगे जो विश्वगुरु होगा। भारतीयों मे प्रतिभा की कमी नही हैं उनकी प्रतिभा तो जात और धर्म के समाज द्वारा बनाये गये नीयमो मे ही बँध जाती हैं। और जो इन नीयमो को नही मानते हुए भारतीय के रूप मे जीता हैं ना वो वही है जो स्वामी विवेकानन्द और अब्दुल कलाम आजाद बन पाता हैं।"
©ayush_tanharaahi
Thursday, 18 October 2018
कुछ ऐसे ही
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सच्चे लोग
जरा जरा सी बात पर जिनकी आँखे भीग जाती हैं, वो लोग जीवन मे कभी किसी का बुरा चाह नही सकते। पर एक सच यह भी हैं, वो जीवन मे कभी किसी को अपना बना...
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आज से कुछ और शायर नये फिर आयेंगे, कुछ के दिल टूट जायेंगे अपनी मोहब्बत को किसी और का होते देख, किसी के हौंसले उसे उसके जीवन का नया आयाम दिल...
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"हैरान क्युं होते हो मेरी उदासियों पर यू, किसी शक्स ने बहुत मेहनत करी हैं, मेरी मुस्कुराहट को मुझसे दूर करने मे।" ©ayush_tanhara...
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